कन्या भ्रूण हत्या रोकने को प्रशासन सख्त, नियमों के उल्लंघन पर एक और अल्ट्रासाउंड केंद्र का लाइसेंस निरस्त
कम लिंगानुपात वाले तीन विकासखंडों पर रखी जाएगी विशेष नज़र; एक्टिव ट्रैकर से हो रही है निगरानी
जिलाधिकारी नितिका खंडेलवाल की अध्यक्षता में आयोजित पीसीपीएनडीटी (PCPNDT) जिला सलाहकार समिति की बैठक में कन्या भ्रूण हत्या के खिलाफ सख्त कदम उठाने के निर्देश दिए गए। अनियमितताएं मिलने और स्पष्टीकरण से संतुष्ट न होने पर जिलाधिकारी ने घनसाली स्थित ‘उत्तराखंड अल्ट्रासाउंड’ का लाइसेंस निरस्त करने के निर्देश दिए हैं। इससे पहले ‘स्मृति नर्सिंग होम’ का लाइसेंस भी निरस्त किया जा चुका है।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने बताया कि जिले के सभी 8 पंजीकृत अल्ट्रासाउंड केंद्रों पर ‘एक्टिव ट्रैकर’ लगाकर नियमित निगरानी की जा रही है। बैठक में प्रतापनगर, थौलधार और भिलंगना विकासखंडों में कम लिंगानुपात पर चिंता जताते हुए जिलाधिकारी ने वहां सघन निरीक्षण के निर्देश दिए।
वहीं, जिला समन्वयक ने बताया कि ‘मुखबिर योजना’ के तहत कन्या भ्रूण हत्या जैसी अवैध गतिविधियों की सूचना देने वालों की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी और उन्हें शासन की ओर से प्रोत्साहन राशि भी दी जाएगी।
